नेताजी के आदर्शों को किया नमन, सुशीला सरीन की स्मृति में उमड़ा जनसैलाब
(मौहम्मद नाज़िम) रुड़की। महान स्वतंत्रता सेनानी नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती एवं भाजपा नेता सुभाष सरीन की पूज्य माता स्वर्गीय सुशीला सरीन की पुण्यतिथि के अवसर पर रुड़की नहर किनारे स्थित श्री लक्ष्मी नारायण मंदिर में श्रद्धा, सम्मान और देशभक्ति से ओतप्रोत एक गरिमामय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में भाजपा पदाधिकारियों, जनप्रतिनिधियों एवं बड़ी संख्या में क्षेत्रीय नागरिकों ने दोनों महान विभूतियों को श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ, जिसके पश्चात नेताजी सुभाष चंद्र बोस के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया गया।
इस अवसर पर भाजपा जिला अध्यक्ष डॉ. मधु सिंह, रुड़की विधायक प्रदीप बत्रा, मेयर अनीता देवी अग्रवाल तथा भाजपा नेता सुभाष सरीन विशेष रूप से उपस्थित रहे। वक्ताओं ने नेताजी के अदम्य साहस, राष्ट्र के प्रति उनके समर्पण और स्वतंत्रता संग्राम में दिए गए अतुलनीय योगदान को याद करते हुए उनके विचारों को आत्मसात करने का आह्वान किय। भाजपा जिला अध्यक्ष डॉ. मधु सिंह ने कहा कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस का जीवन आज के युवाओं के लिए प्रेरणास्तंभ है और देश की आज़ादी में उनके योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता। विधायक प्रदीप बत्रा ने कहा कि नेताजी का संघर्ष और त्याग हमें राष्ट्रसेवा और कर्तव्यनिष्ठा की प्रेरणा देता है। मेयर अनीता देवी अग्रवाल ने नेताजी के बलिदान को स्मरण करते हुए स्वर्गीय सुशीला सरीन के समाजसेवा से जुड़े कार्यों की भी सराहना की और उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। भाजपा नेता सुभाष सरीन एवं मंडल उपाध्यक्ष गगन सरीन ने भी दोनों विभूतियों को श्रद्धा सुमन अर्पित किए।
कार्यक्रम का कुशल संचालन पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष दिनेश कौशिक ने किया। इस दौरान भाजपा जिला अध्यक्ष डॉ. मधु सिंह, विधायक प्रदीप बत्रा, मेयर अनीता देवी अग्रवाल, रोटरी क्लब अध्यक्ष रीना नैथानी, रेलवे बोर्ड सदस्य पूजा नंदा एवं राजेश चंद्रा को शाल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में दमन सरीन, प्रयास सरीन, कमलेश सरीन, ममता सरीन, भाजपा जिला मीडिया प्रभारी पंकज नंदा, कार्यालय सहप्रभारी अंकित गौतम, अलका मित्तल, बिट्टू परूथी, कामना सरीन, सर्वेश गोस्वामी, निधि शांडल्य, प्रेम चंद सैनी, विजय सरीन, प्रेम सरीन एवं सांची सरीन सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। इस अवसर पर भंडारे का भी आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। कार्यक्रम श्रद्धा, सौहार्द और राष्ट्रभक्ति के वातावरण में संपन्न हुआ।



























