हरिद्वार में नशीली दवाओं पर करारा प्रहार, QRT की छापेमारी से मचा हड़कंप
(मौहम्मद नाज़िम) हरिद्वार। जनपद में नारकोटिक एवं साइकोट्रोपिक औषधियों की अवैध खरीद-फरोख्त पर प्रभावी नियंत्रण के लिए औषधि विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए क्विक रिस्पॉन्स टीम (QRT) का गठन किया है। अपर आयुक्त महोदय के निर्देशों के क्रम में गठित इस टीम ने सलेमपुर और लक्सर क्षेत्र के बसीड़ी में सघन निरीक्षण एवं छापेमारी अभियान चलाकर अवैध दवा कारोबारियों में हड़कंप मचा दिया। प्राप्त लगातार शिकायतों के बाद की गई इस कार्रवाई के दौरान QRT ने कुल 10 औषधि विक्रय प्रतिष्ठानों की गहन जांच की।
निरीक्षण में भले ही NDPS अधिनियम के तहत प्रतिबंधित कोई दवा बरामद नहीं हुई, लेकिन नियमों के उल्लंघन पर विभाग ने कड़ा एक्शन लिया। कार्रवाई के तहत 7 मेडिकल स्टोरों को कारण बताओ नोटिस जारी किए गए, जबकि एक दुकान की क्रय-विक्रय गतिविधियों पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी गई। इसके साथ ही 2 थोक औषधि विक्रेताओं (होलसेलर्स) का भी निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण टीम ने सभी औषधि विक्रेताओं को दो टूक चेतावनी देते हुए स्पष्ट किया कि नारकोटिक एवं साइकोट्रोपिक दवाओं का विक्रय केवल वैध चिकित्सकीय पर्चे पर ही किया जाए। साथ ही यह भी निर्देश दिए गए कि पंजीकृत फार्मासिस्ट की अनुपस्थिति में किसी भी प्रकार की दवा की बिक्री पूरी तरह प्रतिबंधित है। यह पूरी कार्रवाई वरिष्ठ औषधि निरीक्षक श्रीमती अनीता भारती के नेतृत्व में संपन्न हुई। टीम में औषधि निरीक्षक हरिश सिंह (हरिद्वार), सुश्री मेघा (हरिद्वार) ऋषभ धामा (टिहरी) हार्दिक भट्ट तथा विनोद जगूड़ी (देहरादून) शामिल रहे। इस दौरान औषधि विभाग ने स्पष्ट किया है कि जनहित में भविष्य में भी ऐसे निरीक्षण और प्रवर्तन अभियान लगातार जारी रहेंगे ताकि नशीली एवं प्रतिबंधित दवाओं के अवैध कारोबार पर पूरी तरह अंकुश लगाया जा सके।



























